अंबिकापुर में बड़ी सुरक्षा चूक: बाल सुधार गृह से 13 बाल अपचारी फरार, 24 जून को भी खिड़की तोड़कर भागे थे बच्चे

अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर (सरगुजा) से बड़ी खबर आ रही है। गांधीनगर स्थित बाल सुधार गृह (Pre-Correction Home) से मंगलवार (14 जुलाई) की रात एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था को धता बताते हुए 13 नाबालिग बच्चे फरार हो गए हैं। ये सभी बच्चे मर्डर, रेप और लूट जैसे गंभीर अपराधों के आरोपी हैं। घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। आनन-फानन में की गई नाकाबंदी के बाद पुलिस ने रात में ही 2 बच्चों को पकड़ लिया है, जबकि 11 अब भी फरार हैं।

कमजोर और जर्जर दरवाजे को बनाया निशाना

बाल सुधार गृह की प्रभारी अधिकारी शमा नूरी ने बताया कि मंगलवार रात करीब 8 बजे सभी बच्चों को खाना दिया गया था। खाना खाने के बाद बच्चे अपने कमरों में सोने चले गए। इसी दौरान उन्होंने कमरे के एक पुराने और बेहद कमजोर हो चुके जर्जर दरवाजे को निशाना बनाया। बच्चे दरवाजे को तोड़कर परिसर की दीवार फांदते हुए भाग निकले।

वही ‘मास्टरमाइंड’ फिर ले उड़ा साथियों को

जांच में यह बेहद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इस पूरी साजिश के पीछे वही मास्टरमाइंड लड़का है, जिसने बीती 24 जून को भी 11 बच्चों को खिड़की तोड़कर भगाने की साजिश रची थी। उसे पुलिस ने दोबारा पकड़ लिया था, लेकिन इस बार वह फिर अपने साथ 2 पुराने और 10 नए साथियों को लेकर भागने में कामयाब रहा।

बिलासपुर जैसी बड़ी वारदात का सता रहा डर

इस घटना ने हाल ही में बिलासपुर के बाल सुधार गृह में हुई खौफनाक वारदात की यादें ताजा कर दी हैं। बिलासपुर में जेल शिफ्ट होने से बचने के लिए 4 नाबालिगों ने ड्यूटी पर तैनात गार्ड की गला घोंटकर बेरहमी से हत्या कर दी थी और फरार हो गए थे। इसी डर को देखते हुए अंबिकापुर पुलिस पूरी मुस्तैदी से फरार बच्चों को ढूंढने में लगी है।

सुरक्षा पर उठे सवाल, अब वेल्डिंग का काम शुरू

बाल सुधार गृह में लगातार हो रही सुरक्षा चूकों के बाद अब प्रबंधन जागा है। प्रभारी शमा नूरी के मुताबिक, सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए एसपी से मिलकर नगर सैनिकों की संख्या बढ़ाने की मांग की गई है। इसके साथ ही बाल गृह परिसर की सभी खिड़कियों और दरवाजों को मजबूत करने के लिए वेल्डिंग का काम शुरू करवा दिया गया है।

पुलिस की कई टीमें तलाश में जुटीं

गांधीनगर थाना प्रभारी प्रवीण कुमार द्विवेदी ने बताया कि फरार नाबालिग बच्चों में सरगुजा, सूरजपुर और कोरिया जिले के आरोपी शामिल हैं। पुलिस ने संबंधित थानों को भी अलर्ट कर दिया है। रात से ही बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और शहर के एंट्री-एग्जिट पॉइंट्स पर सघन चेकिंग की जा रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही सभी फरार बच्चों को दोबारा हिरासत में ले लिया जाएगा।

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