कोंडागांव/फरसगांव। पुलिस विभाग में बस्तर फाइटर और जिला बल में आरक्षक के पद पर नौकरी लगाने का झांसा देकर बेरोजगार युवाओं से लाखों रुपये की ठगी करने वाले गिरोह के दो आरोपियों को फरसगांव और कोंडागांव पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने करीब 15 पीड़ितों से लगभग 25 से 30 लाख रुपये की ठगी करना बताया है।
पुलिस के अनुसार आरोपी खुद को पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से पहचान होने का दावा करते थे। बेरोजगार युवाओं को नौकरी लगवाने का भरोसा दिलाकर उनसे एडवांस रकम लेते थे। साथ ही आधार कार्ड, अंकसूची, जाति प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र सहित अन्य दस्तावेज भी अपने पास रख लेते थे।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने करीब तीन महीने तक पीड़ितों के बैंक खातों और आरोपियों के बैंक खातों का तकनीकी विश्लेषण किया। इसके बाद आरोपियों की पहचान कर उनकी तलाश शुरू की गई।
पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए शत्रुधन टंडन, निवासी मस्तूरी, हाल देवरी खुर्द बिलासपुर को बिलासपुर के तोरवा क्षेत्र से तथा बुध सिंह मरकाम, निवासी भर्रीपारा फरसगांव को फरसगांव से गिरफ्तार किया।
आरोपियों के कब्जे से मोबाइल फोन, पीड़ितों के दस्तावेजों की फाइलें, डायरी और रजिस्टर जब्त किए गए हैं। मामले में फरसगांव और कोतवाली कोंडागांव थाने में कुल चार प्रकरण दर्ज हैं।
यह कार्रवाई एसपी पंकज चन्द्रा (IPS) के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कपिल चन्द्रा के मार्गदर्शन तथा एसडीओपी फरसगांव अभिनव उपाध्याय और एसडीओपी कोंडागांव रुपेश कुमार के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम द्वारा की गई। पुलिस अब आरोपियों के अन्य साथियों और ठगी के अन्य मामलों के संबंध में पूछताछ कर रही है।

