रायपुर। राजधानी में ड्रग तस्करी के मामले में एक सिपाही को गिरफ्तार किया गया है। सिपाही वर्दी की आड़ में ड्रग्स की तस्करी कर रहा था। वह ड्रग्स की डिलीवरी के बाद अपने ही खाते में पैसे ले रहा था। बुधवार को वह टिकरापारा इलाके में ड्रग्स सप्लाई करने पहुंचा था, जिसे पुलिस ने धर दबोचा। सिपाही की कार की तलाशी में एक ग्राम हेरोइन बरामद किया गया। आरोपी सिपाही को कोर्ट में पेश कर पूछताछ के लिए रिमांड पर लिया गया है।
पुलिस के मुताबिक सिपाही हिमांशु बर्मन (34) पिछले डेढ़ साल से आमानाका थाना में पदस्थ है। वह कई बार ड्रग्स से संबंधित कार्रवाई में शामिल रहा। इसी दौरान उसका कुछ तस्करों से संपर्क हुआ और पैसों के लालच में वह खुद तस्करी करने लगा। वह तस्करों से ड्रग्स मंगाकर नशा करने वालों तक पहुंचाता था। टिकरापारा का एक युवक उससे ड्रग्स लेता था, जिसने इसकी जानकारी अन्य लोगों को दी।

सूचना वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंची, जिसके बाद उसी युवक के माध्यम से सिपाही को ड्रग्स का ऑर्डर दिया गया। सिपाही एक ग्राम हेरोइन लेकर टिकरापारा पहुंचा, जहां पुलिस ने उसे रंगेहाथ पकड़ लिया। पूछताछ में उसने भिलाई के कुछ तस्करों से ड्रग्स खरीदना कबूल किया है, जो पंजाब से मंगवाते हैं।
आरोपी सिपाही हिमांशु बर्मन मूल रूप से कुंडा, कवर्धा का निवासी है। वर्ष 2013 में वह पुलिस में भर्ती हुआ था। पुलिस लाइन में तैनाती के दौरान उसकी तस्करों से पहचान हुई। डेढ़ साल पहले उसकी पोस्टिंग आमानाका थाना में हुई। पहले वह वारंट तामिली का काम देखता था, लेकिन लगातार गैरहाजिर रहने पर उसे मददगार में बिठा दिया गया। पूछताछ में उसने चार बार ड्रग्स सप्लाई करने की बात कबूली है। वह वर्ष 2013 में पुलिस में भर्ती हुआ था।

