दुर्ग। भिलाई से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहां शराब पार्टी के बाद लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही महिला की बेरहमी से हत्या कर दी गई। आरोपी बॉयफ्रेंड ने गुस्से में आकर ऐसा कदम उठाया कि पूरा इलाका सन्न रह गया।
भिलाई में रहने वाले लिव-इन पार्टनर ने पहले अपनी प्रेमिका के साथ शराब पार्टी की थी। इस दौरान किसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते हिंसा में बदल गई। गुस्साए प्रेमी ने पहले थप्पड़ मारा, फिर गला दबाया और महिला का सिर दीवार पर पटक दिया। सिर में जोरदार चोट लगने से महिला जमीन पर गिर पड़ी और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।

हत्या के बाद आरोपी ने सबूत मिटाने की कोशिश की। उसने महिला के कपड़े उतारकर चूल्हे में जला दिए। शव को घुटनों से मोड़कर प्लास्टिक की रस्सी से बांधा, ताकि शव छोटा हो जाए। इसके बाद शव को प्लास्टिक की बोरी में पैक किया।
आरोपी बोरी में बंद लाश को ऑटो में रखकर रातभर शहर में घूमता रहा। आधी रात के बाद जब सन्नाटा छाया, तब शव को नाली में फेंककर फरार हो गया। यह पूरा मामला सुपेला थाना क्षेत्र का है।
जानकारी के मुताबिक, मृतका आरती निर्मलकर उर्फ भारती (34) भिलाई की रहने वाली थी। वह पिछले 4–5 महीने से कोसानगर में अपने प्रेमी तुलाराम बंजारे (33) के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थी। 5 दिसंबर 2025 की शाम दोनों ने शराब पार्टी की और खाना खाया। दोनों नशे की हालत में थे। इसी दौरान विवाद हुआ और वारदात हो गई।
हत्या के बाद तुलाराम ने अपने भाई गोवर्धन प्रसाद बंजारे (28) और दोस्त ऑटो चालक शक्ति भौयर (42) को घटना की जानकारी दी। दोनों ने शव को ठिकाने लगाने में उसकी मदद की। लाश को ऑटो में रखकर वे शहर में घूमते रहे।
बाद में चंद्रा-मौर्या अंडर ब्रिज के पास पहुंचे, लेकिन लोगों की आवाजाही ज्यादा होने के कारण कई घंटों तक वहीं रुके रहे। जब पूरी तरह सन्नाटा हो गया, तब तड़के करीब 3 बजे शव को नाली में डालकर भाग निकले।
13 दिसंबर को नाली से बोरे में बंद महिला की लाश बरामद हुई। पहचान के लिए पुलिस ने हाथ में बने टैटू और अन्य निशानों की जानकारी मीडिया में जारी की। सुपेला निवासी अमरौतिन ने तुलाराम से संपर्क किया, जिस पर आरोपी ने झूठ कहा कि आरती अपने पिता के पास नागपुर गई है।
17 दिसंबर को अमरौतिन ने सुपेला थाने पहुंचकर पूरी जानकारी दी। इसके बाद पुलिस ने तुलाराम को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की, जहां उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने 18 दिसंबर को आरोपी तुलाराम, उसके भाई और दोस्त को गिरफ्तार कर लिया।