साइंस कॉलेज में नेताजी सुभाष चंद्र की 125वीं जयंती पर हुआ पराक्रम दिवस का आयोजन..."अगर नेताजी पीएम होते तो क्या होता" विषय पर छात्रों ने पेश किया पेपर

साइंस कॉलेज में नेताजी सुभाष चंद्र की 125वीं जयंती पर हुआ पराक्रम दिवस का आयोजन..."अगर नेताजी पीएम होते तो क्या होता" विषय पर छात्रों ने पेश किया पेपर  

January 24, 2021

भिलाई। दुर्ग स्थित शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय दुर्ग के इतिहास विभाग द्वारा नेता जी सुभाष चंद्र बोस  की 125वीं जयंती पर पराक्रम दिवस का आयोजन वर्चुअल माध्यम से किया गया। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप मे महाविद्यालय के प्राचार्य आरएन सिंह उपस्थित थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता इतिहास विभाग के विभागाध्यक्ष अनिल कुमार पांडेय ने की। नेता जी के 125वीं जयंती पर सभी को पराक्रम दिवस की शुभकामनाएं देते हुए मुख्य अतिथि आरएन सिंह ने कहा- नेता जी सुभाष चंद्र बोस का संपूर्ण जीवन प्रेरणामय है। उन्होंने सिविल सेवा की परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद भी एक प्रशासक के रूप मे पराधीन भारत मे अंग्रेजों के अधीन काम करना स्वीकार नहीं किया और  पद त्याग दिया। कांग्रेस से जुड़कर विरोध के बाद भी वह कांग्रेस के अध्यक्ष बने। देश सेवा और देश की स्वधीनता के लिए सैन्य मार्ग को अपनाते हुए आज़ाद हिंद फौज की कमान संभाली। युवाओं को नेता के विचारों व मूल्यों को आत्मसात करने की आवश्यकता है। 

अध्यक्षीय उद्बोधन मे डॉ अनिल कुमार पांडेय ने कहा कि राष्ट्रीय आंदोलन के अलग अलग मार्ग थे। जिसमें नेताजी द्वारा अपनाया गया एक मार्ग था  नेता जी के आत्मकथा को एन इंडियन पिलीग्रिम एंड अन टोल्ड स्टोरी मे अध्ययन करना चाहिए ताकि आज के युवा लोकतांत्रिक मूल्यों के संरक्षक बन सके। 

पराक्रम दिवस के अवसर पर इतिहास विभाग के विधार्थियो द्वारा नेता जी के संपूर्ण जीवन पर विषयवार कविता एवं पेपर प्रस्तुत किया। दिलीप ऊईके ने नेताजी का जीवन परिचय, राजकिशोर ने नेताजी का राजनीतिक चिंतन, भारती ने स्वराज दल, रेणुका साहू ने फारवर्ड  ब्लॉक, अजय ने आजाद हिंद फौज, प्रियम ने नेताजी की मृत्यु-सत्य अथवा मिथक तथा संध्या यदु ने नेताजी अगर प्रथम प्रधानमंत्री होते तो क्या होता आदि विषय पर अपना पेपर प्रस्तुत किया। जैनब और जय वर्मा ने नेताजी पर कविता प्रस्तुत किया। विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. ज्योति धारकर ने इस आयोजन के लिए सभी को धन्यवाद ज्ञापित किया।कार्यक्रम का संचालन दिलीप ऊईके और अजय कुमार ने किया।



विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन


समाचार और भी...