रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा GATE (Graduate Aptitude Test in Engineering) में फर्जीवाड़े की एक बड़ी साजिश को पुलिस ने नाकाम कर दिया है। डीडी नगर थाना क्षेत्र से पुलिस ने हरियाणा के 6 ऐसे युवकों को गिरफ्तार किया है, जो असली अभ्यर्थियों की जगह परीक्षा में बैठकर पेपर सॉल्व करने की फिराक में थे।

मुखबिर की सूचना पर पुलिस की बड़ी कार्रवाई
पुलिस उपायुक्त संदीप पटेल को गुप्त सूचना मिली थी कि दूसरे राज्यों से आए कुछ युवक रायपुर के एक ठिकाने पर रुके हुए हैं और वे गेट परीक्षा में फर्जी तरीके से शामिल होने की योजना बना रहे हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए ACCU (एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट) और डीडी नगर पुलिस की संयुक्त टीम ने संदिग्ध ठिकाने पर दबिश दी।
शुरुआत में गुमराह किया, फिर कबूला जुर्म
पकड़े गए आरोपियों ने पहले तो पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन सख्ती से हुई पूछताछ में उन्होंने सच उगल दिया। पुलिस ने उनके कब्जे से निम्नलिखित संदिग्ध सामग्री बरामद की है:
- फर्जी पहचान पत्र (Fake IDs)
- अभ्यर्थियों के एडमिट कार्ड
- मोबाइल फोन और कई सिम कार्ड
- अन्य संदिग्ध डिजिटल दस्तावेज
बड़े संगठित गिरोह की आशंका
पुलिस के मुताबिक, यह मामला सिर्फ कुछ युवकों तक सीमित नहीं है। आशंका जताई जा रही है कि इसके पीछे कोई बड़ा अंतर्राज्यीय रैकेट सक्रिय है जो मोटी रकम लेकर परीक्षाओं में ‘सॉल्वर’ बैठाता है।
“हम आरोपियों के मोबाइल फोन और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच कर रहे हैं। यह पता लगाया जा रहा है कि इन युवाओं को रायपुर किसने बुलाया और प्रति अभ्यर्थी कितनी रकम तय की गई थी। जल्द ही इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों का खुलासा किया जाएगा।” — पुलिस अधिकारी, रायपुर
जांच के अहम बिंदु:
- आपराधिक रिकॉर्ड: क्या ये युवक पहले भी अन्य राज्यों की परीक्षाओं में फर्जीवाड़ा कर चुके हैं?
- नेटवर्क: रायपुर के किन सेंटर्स और किन अभ्यर्थियों से इनके तार जुड़े थे?
- रकम का लेनदेन: परीक्षा पास कराने के नाम पर कितनी डील हुई थी?
इस कार्रवाई के बाद रायपुर में परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा और स्क्रूटनी को और कड़ा कर दिया गया है। पुलिस अब उन असली अभ्यर्थियों की तलाश कर रही है जिन्होंने इन फर्जी परीक्षार्थियों से संपर्क साधा था।