दुर्ग। जिले में घरेलू गैस (LPG), पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति को लेकर फैली आशंकाओं पर विराम लगाते हुए कलेक्टर अभिजीत सिंह ने स्पष्ट किया है कि जिले में ईंधन का पर्याप्त भंडार मौजूद है। कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में तेल कंपनियों और वितरकों की आपात बैठक लेते हुए उन्होंने आम जनता से अपील की है कि वे घबराएं नहीं और किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें।

प्रमुख बिंदु: एक नजर में
- पर्याप्त स्टॉक: जिले में पेट्रोल-डीजल और रसोई गैस की सप्लाई सुचारू है।
- शिकायत हेल्पलाइन: किसी भी समस्या या कालाबाजारी की सूचना के लिए टोल-फ्री नंबर 1800-233-3555 जारी।
- आंकड़े: जिले में लगभग 4 लाख गैस कनेक्शन हैं, जहाँ प्रतिदिन 9750 सिलेंडरों की रिफिलिंग हो रही है।
- ई-केवाईसी जरूरी: उपभोक्ताओं को जल्द से जल्द गैस एजेंसी जाकर ई-केवाईसी कराने की सलाह।
कालाबाजारी पर रहेगी सख्त नजर
कलेक्टर ने बैठक में अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि वितरण व्यवस्था की नियमित निगरानी की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि आपूर्ति में किसी भी तरह की अनियमितता या कालाबाजारी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वर्तमान में कमर्शियल सिलेंडर की आपूर्ति केवल अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों जैसे अनिवार्य क्षेत्रों को ही की जा रही है, ताकि घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता मिल सके।
त्योहार के कारण बढ़ी वेटिंग, पर सप्लाई जारी
प्रशासन ने स्वीकार किया कि त्योहार के बाद अचानक बुकिंग बढ़ने से कुछ स्थानों पर प्रतीक्षा समय (Waiting time) बढ़ गया है, लेकिन यह स्थिति अस्थायी है। ऑयल कंपनियों के अधिकारियों ने पुष्टि की है कि सभी वितरकों के पास पर्याप्त स्टॉक है और आपूर्ति निरंतर जारी है।
“जिले में ईंधन की कोई कमी नहीं है। उपभोक्ता अफवाहों से बचें और पैनिक बुकिंग न करें। अगर कहीं कोई समस्या आती है, तो प्रशासन द्वारा जारी टोल-फ्री नंबर पर तुरंत संपर्क करें।” — अभिजीत सिंह, कलेक्टर, दुर्ग
उपभोक्ताओं के लिए जरूरी संदेश: 1 मिनट में कराएं ई-केवाईसी
जिला प्रशासन ने उपभोक्ताओं से आग्रह किया है कि भविष्य में किसी भी असुविधा से बचने के लिए अपनी संबंधित गैस एजेंसी में जाकर ई-केवाईसी (e-KYC) प्रक्रिया पूरी कर लें।
- प्रक्रिया: इसमें केवल फेस स्कैन या अंगूठे का सत्यापन होता है।
- समय: इस पूरी प्रक्रिया में महज 1 मिनट का समय लगता है।
इस बैठक में खाद्य नियंत्रक अनुराग सिंह भदौरिया समेत खाद्य विभाग और तेल कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।