जगदलपुर | 8 मार्च 2026 छत्तीसगढ़ में महिला सशक्तिकरण और पोषण के क्षेत्र में आज एक नया अध्याय जुड़ गया। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर बस्तर के मिनी स्टेडियम में आयोजित ‘वृहद महतारी वंदन सम्मेलन’ के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ‘लक्ष्मी सखी मिलेट कार्ट’ योजना का भव्य शुभारंभ किया।
पुनर्वासित महिलाओं को मिली नई पहचान
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में पाँच मिलेट कार्ट पुनर्वासित महिलाओं को और एक कार्ट अन्य महिला हितग्राही को प्रदान किया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना और समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है। कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और वन मंत्री केदार कश्यप सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
योजना की मुख्य विशेषताएं
- वित्तीय सहायता: महिला एवं बाल विकास विभाग की ‘सक्षम योजना’ के तहत प्रत्येक हितग्राही को 1 लाख रुपये की वित्तीय मदद दी जा रही है।
- लक्ष्य: प्रथम चरण में राज्य के शैक्षणिक संस्थानों, कार्यालयों और पर्यटन स्थलों पर कुल 400 मिलेट कैफे एवं कार्ट खोले जाएंगे।
- साथी परियोजना: कृषि महाविद्यालय के सहयोग से महिलाओं और स्व-सहायता समूहों को निःशुल्क प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है ताकि वे बेहतर उद्यम चला सकें।
- बाजार उपलब्ध कराना: ‘साथी बाजार’ के माध्यम से इन महिला उद्यमियों को उनके उत्पादों की बिक्री के लिए एक मजबूत प्लेटफार्म मिलेगा।
मिलेट मिशन को मिलेगा बढ़ावा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘श्री अन्न’ (मिलेट्स) को बढ़ावा देने के विजन को आगे बढ़ाते हुए मुख्यमंत्री साय ने इस योजना को राज्य में गति दी है। यह न केवल महिलाओं की आय बढ़ाएगा बल्कि लोगों को पौष्टिक आहार (मिलेट्स) के प्रति जागरूक भी करेगा।
“लक्ष्मी सखी मिलेट कार्ट महिलाओं के आर्थिक उन्नयन की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम साबित होगा।” > — मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

