रायपुर। नारी शक्ति वन्दन अधिनियम को लेकर सियासी पारा चढ़ गया है। इस अधिनियम का विरोध करने वाली कांग्रेस और विपक्षी दलों के खिलाफ सोमवार को राजधानी रायपुर में महिलाओं ने मोर्चा खोल दिया। भाजपा महिला मोर्चा के नेतृत्व में हजारों की संख्या में महिलाओं ने ‘जन आक्रोश पदयात्रा’ निकाली और कांग्रेस का पुतला दहन कर अपना विरोध दर्ज कराया।

इंडोर स्टेडियम से सुभाष स्टेडियम तक गूंजा आक्रोश
राजधानी के इंडोर स्टेडियम से शुरू हुई इस पदयात्रा में प्रदेश के कोने-कोने से आई महिलाएं और विभिन्न संगठनों की मातृशक्ति शामिल हुई। रैली के दौरान कांग्रेस विरोधी नारों से पूरा शहर गूंज उठा। पदयात्रा का समापन सुभाष स्टेडियम में हुआ, जहां जनसभा को प्रदेश के दिग्गज नेताओं ने संबोधित किया।

मुख्यमंत्री साय का हमला: “कांग्रेस का असली चेहरा उजागर”
जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि नारी शक्ति वन्दन अधिनियम का विरोध कर कांग्रेस ने साबित कर दिया है कि वह महिला विरोधी है। उन्होंने कहा, “कांग्रेस को यह पसंद नहीं है कि गांधी परिवार के अलावा कोई भी महिला नेतृत्व करे। प्रधानमंत्री मोदी महिलाओं को 33% आरक्षण देकर उन्हें सशक्त बनाना चाहते हैं, लेकिन विपक्षी दलों ने इसमें अवरोध उत्पन्न कर पाप किया है।”

दिग्गज नेताओं ने घेरा: कांग्रेस के लिए महिलाएं सिर्फ ‘वोट बैंक’
- किरण देव (भाजपा प्रदेश अध्यक्ष): “कांग्रेस ने हमेशा महिलाओं को सिर्फ वोट बैंक समझा। विकसित भारत के संकल्प में महिलाओं की भागीदारी उन्हें नागवार गुजर रही है।”
- सरोज पाण्डेय (राष्ट्रीय उपाध्यक्ष): “आधी आबादी के अधिकारों को छीनने का काम कांग्रेस ने किया है। देश की मातृशक्ति इस अपमान का बदला जरूर लेगी।”
- अरूण साव (उप मुख्यमंत्री): “कांग्रेस महिलाओं को आज भी चारदीवारी में कैद रखना चाहती है। जब भी उनके हक की बात आई, कांग्रेस ने गद्दारी की।”
- लक्ष्मी रजवाड़े (महिला एवं बाल विकास मंत्री): “महिलाएं अब जागरूक हो चुकी हैं। कांग्रेस ने उन्हें हमेशा छला है, जिसे अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”

दिग्गजों की रही मौजूदगी
कार्यक्रम का संचालन महासमुंद सांसद रूपकुमारी चौधरी और आभार प्रदर्शन विभा अवस्थी ने किया। इस दौरान केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप, लखनलाल देवांगन, विधायक राजेश मूणत, धरमलाल कौशिक, अजय चंद्राकर, अनुज शर्मा समेत भारी संख्या में भाजपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

