रायपुर: छत्तीसगढ़ की विश्व प्रसिद्ध पंडवानी गायिका और पद्म विभूषण से सम्मानित डॉ. तीजन बाई की तबीयत अचानक बिगड़ने के बाद उन्हें रायपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों ने उन्हें न्यूरो सर्जरी विभाग के ICU (इंटेंसिव केयर यूनिट) में रखा है, जहाँ विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक टीम उनकी स्थिति पर चौबीसों घंटे निगरानी रख रही है।

20 दिनों से नहीं लिया ठोस आहार
अस्पताल सूत्रों और परिजनों के अनुसार, 70 वर्षीय तीजन बाई पिछले काफी समय से स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं से जूझ रही हैं। साल 2024 में लकवे (Paralysis) की शिकायत के बाद से उनकी शारीरिक स्थिति लगातार कमजोर होती गई। बताया जा रहा है कि पिछले 20 दिनों से वे ठोस भोजन नहीं ले पा रही थीं और केवल जूस व तरल पदार्थों के सहारे थीं, जिससे उन्हें अत्यधिक कमजोरी महसूस हो रही थी।

पीएम मोदी ने भी जताया था सरोकार
तीजन बाई के स्वास्थ्य को लेकर शासन-प्रशासन ही नहीं, बल्कि केंद्र सरकार भी गंभीर रही है। हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के छत्तीसगढ़ प्रवास के दौरान भी तीजन बाई के स्वास्थ्य की चर्चा हुई थी और उनके परिजनों से कुशलक्षेम पूछी गई थी। इससे पहले मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर भी उनके बेहतर इलाज की व्यवस्था की गई थी।

पंडवानी को सात समंदर पार ले जाने वाली कला साधिका
तीजन बाई ने छत्तीसगढ़ की लोक कला पंडवानी (कपालिक शैली) को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक नई पहचान दी है। 17 से अधिक देशों में अपनी कला का प्रदर्शन कर चुकीं तीजन बाई को कला के क्षेत्र में उनके अप्रतिम योगदान के लिए भारत सरकार ने:
- पद्मश्री
- पद्य भूषण
- पद्म विभूषण जैसे देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों से नवाजा है।
प्रदेशभर में दुआओं का दौर
जैसे ही तीजन बाई के एम्स में भर्ती होने की खबर सोशल मीडिया पर फैली, उनके प्रशंसकों और कला प्रेमियों के बीच चिंता की लहर दौड़ गई। दुर्ग (गनियारी) से लेकर रायपुर तक लोग उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।

