धर्माचार्य संतश्री धर्मेन्द्र महाराज पंचतत्व में हुए विलीन… राष्ट्र, धर्म, संस्कृति के लिए समर्पित रहा उनका जीवन

जयपुर। अपने राष्ट्र, धर्म, संस्कृति के लिए समर्पित विश्व हिन्दू परिषद के केंद्रीय मार्गदर्शक मंडल में शामिल रहे 80 वर्षीय आचार्य धर्मेन्द्र का स्वर्गवास हो गया। बीमारी के कारण वह लंबे समय से जयपुर के सवाई मानसिंह अस्पताल में भर्ती थे। जहां अस्पताल के मेडिकल आईसीयू में वह उपचाराधीन थे। महात्मा रामचन्द्र वीर महाराज के चिरंजीव धर्माचार्य संतश्री धर्मेन्द्र महाराज आज पंचतत्व में विलीन हो गए हैं।

उनका जन्म 09 जनवरी 1942 को गुजरात के मालवाड़ा में हुआ था। प्रारम्भ से ही उनके वाणी में माँ सरस्वती विराजमान रही, प्रखर तेजस्वी वक्ता रहे। वे श्रीराम जन्मभूमि संघर्ष अभियान के प्रमुख पात्रों में से एक थे व विश्व हिन्दू परिषद के केन्द्रीय मार्गदर्शक मंडल में थे। 1966 के गोरक्षा आन्दोलन में, श्री राम जन्मभूमि मुक्ति आन्दोलन में और कई जनजागरण यात्राओं में आचार्य का अहम योगदान रहा हैं। आचार्य धर्मेन्द्र ने जयपुर के तीर्थ विराट नगर के पार्श्व पवित्र वाणगंगा के तट पर मैड गांव में अपना जीवन व्यतीत किया। गृहस्थ होते हुए भी उन्हें साधू संतो के समान आदर और सम्मान प्राप्त था।

PM मोदी ने भी पूछा था स्वास्थ्य का हाल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी आचार्य धर्मेंद्र के स्वास्थ्य को लेकर चिंता व्यक्त की थी। आचार्य धर्मेन्द्र जयपुर के सवाई मान सिंह सरकारी अस्पताल में करीब एक माह से भर्ती थे। भाजपा के ओम माथुर ने उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी लेकर प्रधानमंत्री मोदी को स्वास्थ्य की जानकारी दी थी।

गोरक्षा आंदोलन में था अहम योगदान
1966 में देश के सभी गोभक्त समुदायों, साधु संतो और संस्थाओं ने मिलकर विराट सत्याग्रह आन्दोलन छेड़ा।

उनका जीवन राष्ट्र, धर्म, संस्कृति के लिए समर्पित रहा। ऐसे महान श्रीसंत के चरणों में श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए हम भावपूर्ण संवेदना प्रकट करते हैं।
।। ॐ शान्तिः शान्तिः शान्तिः ।।

खबरें और भी हैं...
संबंधित

CG News: एकलव्य आवासीय विद्यालय में 10वीं के छात्र...

बालोद। बालोद जिले के डौंडी स्थित एकलव्य आवासीय विद्यालय में कक्षा 10वीं के एक छात्र ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद...

लिव-इन रिलेशनशिप से परेशान मां पहुंची महिला आयोग, बेटे...

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की मंगलवार को हुई सुनवाई में लिव-इन रिलेशनशिप से जुड़ा पारिवारिक विवाद सामने आया। एक मां ने शिकायत करते...

छत्तीसगढ़: आत्मानंद स्कूलों में शिक्षकों के 1812 पदों पर...

रायपुर। छत्तीसगढ़ के स्कूल शिक्षा विभाग (DPI) ने स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालयों के लिए शैक्षणिक और गैर-शैक्षणिक पदों पर 1812 भर्तियों का संक्षिप्त विज्ञापन...

सुपर-80 योजना: दुर्ग के मेधावी छात्रों को मिलेगी NEET...

दुर्ग। दुर्ग जिले के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराने के उद्देश्य से संचालित 'सुपर-80' योजना के तहत बुधवार...